गोण्डा। पूर्वाेत्तर रेलवे लखनऊ मण्डल द्वारा यात्री सुविधाओं के उन्नयन एवं परिचालनिक सुगमता हेतु मूलभूत ढ़ांचे में विस्तार के क्रम में गोंडा-बुढ़वल खंड पर गोण्डा जं0-गोण्डा कचहरी (4.89 किमी.) के मध्य का 25,000 वोल्ट ए.सी क्षमता के तीसरी नई विद्युतकर्षण लाइन के संरक्षा परीक्षण में शुक्रवार को रेल संरक्षा आयुक्त, पूर्वाेत्तर परिमंडल प्रणजीव सक्सेना द्वारा मुख्य विद्युत इंजीनियर/निर्माण ओ.पी.सिंह, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी/निर्माण अनुज मित्तल, मुख्य इंजीनियर/टीएमसी संजय यादव, मुख्य विद्युत वितरण इंजीनियर सुरेश कुमार और मंडल रेल प्रबन्धक गौरव अग्रवाल सहित लखनऊ मंडल तथा निर्माण संगठन के शाखाधिकारियों की उपस्थिति में संरक्षा निरीक्षण किया गया। उक्त जानकारी देते हुए महेश गुप्ता पूर्वोत्तर रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान रेल संरक्षा आयुक्त ने सर्वप्रथम गोण्डा कचहरी रेलवे स्टेशन का संरक्षा निरीक्षण किया। उन्होंने यार्ड में प्वाइंट एण्ड क्रासिंग सं0 226ए का मानकों के अनुरुप निरीक्षण किया। इसके पश्चात रेल संरक्षा आयुक्त ने अधिकारियों के साथ मोटर ट्राली से गोण्डा कचहरी-गोण्डा जं0 रेलखण्ड के मध्य ब्रिज सं0 354, 362 तथा एलएचएस का विस्तृत संरक्षा निरीक्षण किया। इसके उपरान्त समपार सं0 261ए पर पहुॅचने के उपरान्त रेल संरक्षा आयुक्त ने समपार का अवलोकन किया तथा डयूटी पर तैनात गेटमैन से संरक्षा संबंधी प्रश्न पूछकर संरक्षा कार्य कुशलता परखी।
तदुपरान्त गोण्डा जं0 रेलवे स्टेशन पहुॅचने पर रेल संरक्षा आयुक्त ने मानकों के अनुरूप स्टेशन यार्ड, नवनिर्मित अत्याधुनिक इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग पैनल, सेन्ट्रल रिले रूम, बैटरी रूम तथा स्टेशन वर्किंग रुल के अपडेशन का व्यापक निरीक्षण किया और संरक्षा के सभी बिन्दुओं को परखा।
निरीक्षण के अंतिम चरण में, रेल संरक्षा आयुक्त ने गोण्डा जं0-गोण्डा कचहरी स्टेशनों के मध्य तृतीय विद्युतकर्षण युक्त रेल लाइन पर सीआरएस स्पेशल ट्रेन द्वारा 71 किमी प्रति घंटे की अधिकतम अनुमेय गति से सफल स्पीड ट्रायल किया।
इस अवसर पर लखनऊ मण्डल के वरिष्ठ मण्डल परिचालन प्रबंधक, वरिष्ठ मण्डल इंजीनियर/।।।, वरिष्ठ मण्डल सिगनल एवं दूरसंचार इंजीनियर, वरिष्ठ मण्डल परिचालन प्रबंधक/सामान्य, वरिष्ठ मण्डल विद्युत इंजीनियर (टीआरडी), वरिष्ठ मण्डल संरक्षा अधिकारी एवं अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।

