-पुलिस मुठभेड़ में आरोपी संजय गौतम घायल, अवैध तमंचा और बिना नंबर प्लेट बाइक बरामद
-एसपी विनीत जायसवाल की 4 टीमों और एसओजी ने दुल्लापुर खालसा में किया एनकाउंटर।
गोण्डा। इज्जत की रक्षा करना एक 17 साल की मासूम को महंगा पड़ गया। नगर कोतवाली क्षेत्र के माधवपुर चकत्ता गांव में गुरुवार सुबह हुई सुधा गौतम की हत्या का पुलिस ने 36 घंटे के अंदर सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। एसपी विनीत जायसवाल के निर्देश पर गठित चार टीमें और एसओजी ने शुक्रवार देर रात दुल्लापुर खालसा के पास मुठभेड़ के बाद मुख्य आरोपी संजय गौतम को गिरफ्तार कर लिया।
छेड़छाड़ का विhरोध बना मौत की वजह
पुलिस के अनुसार, गुरुवार सुबह करीब 8 बजे सुधा घर के पास मछली तालाब के बाग में गई थी। गांव के ही रहने वाले संजय गौतम ने उसे अकेला पाकर छेड़छाड़ का प्रयास किया। विरोध करने पर आरोपी ने गुस्से में सुधा का गला दबाकर हत्या कर दी और फरार हो गया। घटना की गंभीरता देखते हुए एसपी विनीत जायसवाल ने चार टीमों को खुलासे में लगाया था। शुक्रवार रात 9:30 बजे दुल्लापुर खालसा के पास सूचना पर नगर कोतवाली पुलिस और एसओजी ने घेराबंदी की। बिना नंबर प्लेट की एचएफ डीलक्स बाइक से भाग रहे संजय ने खुद को घिरा देख पुलिस पर अवैध तमंचे से फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी और उसे दबोच लिया गया।
बरामद हुआ असलहा,बिना नंबर प्लेट की बाईक
घायल संजय को गोंडा मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, कारतूस और बिना नंबर प्लेट की बाईक बरामद की गई है।
पुलिस अधीक्षक गोण्डा विनीत जायसवाल ने बताया कि कोतवाली नगर और एसओजी/सर्विलांस की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घटना का पर्दाफाश किया। मुठभेड़ के दौरान अभियुक्त घायल हुआ, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होनें कहा कि बालिका के साथ हैवानियत करने वाले को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस ने मामले में आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस का कहना है कि अभियुक्त से पूछताछ कर हत्या के पीछे के कारणों और अन्य संलिप्त लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है।

