गोण्डा। उतरौला रोड स्थित राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज में शुक्रवार सुबह करीब 6 बजे छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। लखनऊ में आयोजित स्टार्टअप इनोवेशन कार्यक्रम में न ले जाने से नाराज छात्रों ने कॉलेज गेट पर ही प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी और प्रदर्शन किया।
पंजीकरण के बाद भी रोका, 45 सीटर बस में 50 को भेजा, 50 को छोड़ा
छात्रों के अनुसार लखनऊ में होने वाले स्टार्टअप इनोवेशन कार्यक्रम के लिए उन्होंने पहले से ऑनलाइन पंजीकरण कराया था और सभी के पास कार्यक्रम के आधिकारिक पास भी मौजूद हैं। कॉलेज प्रशासन ने सभी पंजीकृत छात्रों को बस से लखनऊ ले जाने का आश्वासन दिया था। लेकिन शुक्रवार सुबह मौके पर केवल एक 45 सीटर बस मंगाई गई। इसमें करीब 50 छात्रों को ठूंस-ठूंस कर लखनऊ भेज दिया गया, जबकि करीब 50 अन्य पंजीकृत छात्रों को कॉलेज में ही रोक दिया गया। इसी भेदभाव से छात्र आक्रोशित हो गए। छात्रों ने कहा - "जब हमारा पंजीकरण हुआ है, पास है तो हमें क्यों रोका गया? कॉलेज प्रशासन छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहा है।"
बिजली-पानी की बदहाली पर भी फूटा आक्रोश
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने कॉलेज की बदहाल व्यवस्थाओं की पोल भी खोल दी। लाइट जाने के बाद घंटों सप्लाई नहीं आती, जनरेटर की कोई व्यवस्था नहीं है। रात में पढ़ाई बाधित होती है। कैंपस में लगे कई वाटर कूलर महीनों से खराब पड़े हैं। इस भीषण गर्मी में छात्रों को पीने के पानी के लिए भटकना पड़ता है। छात्रों ने बताया कि इससे पहले भी इसी मुद्दे पर प्रदर्शन हुआ था, तब प्रशासन ने जल्द सुधार का आश्वासन दिया था, लेकिन जमीन पर कुछ नहीं हुआ।
छात्रों ने मांग की है कि रोके गए सभी छात्रों को तत्काल लखनऊ कार्यक्रम में भेजा जाए और कॉलेज में बिजली-पानी की व्यवस्था दुरुस्त की जाए। प्रदर्शन की सूचना पर कॉलेज प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है।

