गोण्डा । रेलवे यात्रियों की सुविधा और स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर पूर्वोत्तर रेलवे, लखनऊ मंडल ने गोण्डा जंक्शन पर एक अहम पहल की है। स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या-1 के प्रवेश द्वार पर 55 इंच की अत्याधुनिक डिजिटल स्क्रीन के साथ पर्यावरण निगरानी तंत्र स्थापित किया गया है। अब स्टेशन परिसर में हवा की गुणवत्ता से जुड़ी जानकारी यात्रियों को मौके पर ही मिल सकेगी।
डिजिटल स्क्रीन पर वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI), कार्बन मोनोऑक्साइड (CO), कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂), नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (NO₂), सल्फर डाइऑक्साइड (SO₂), PM2.5 और PM10 जैसे सूक्ष्म कणों का स्तर लगातार प्रदर्शित होगा। इसके साथ ही तापमान और आर्द्रता की रियल-टाइम जानकारी भी उपलब्ध रहेगी।
मंडल रेल प्रबंधक गौरव अग्रवाल ने कहा कि इस निगरानी तंत्र का उद्देश्य यात्रियों, रेलकर्मियों और आम लोगों को स्टेशन परिसर की वायु गुणवत्ता की तत्काल जानकारी उपलब्ध कराना है। इससे लोग अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक होकर आवश्यक निर्णय ले सकेंगे। उन्होंने इसे हरित और स्वस्थ रेलवे की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
गोण्डा जंक्शन पर इस नई सुविधा को लेकर यात्रियों में उत्साह है। पूर्वोत्तर रेलवे, लखनऊ मंडल ने पर्यावरण संरक्षण और यात्री सुविधाओं के विस्तार के लिए ऐसे नवाचारों को आगे भी प्रमुख स्टेशनों पर लागू करने की प्रतिबद्धता जताई है।
घाघरा घाट-बुढ़वल रेलखंड पर 20 अगस्त से दौड़ेंगी ट्रेनें
गोण्डा। यात्री सुविधा और रेल परिचालन में सुगमता बढ़ाने के लिए घाघरा घाट-बुढ़वल रेलखंड के बीच नई विद्युतीकृत तृतीय रेल लाइन पर 20 अगस्त 2026 से नियमित रेल संचालन शुरू किया जाएगा। कमिशनिंग की प्रक्रिया पूरी होने के बाद रेल संचालन शुरू होने को लेकर रेलवे ने क्षेत्रीय जनता को सतर्क किया है।
रेलवे ने विशेष रूप से घाघरा घाट-बुढ़वल रेलखंड के आसपास रहने वाले लोगों से अपील की है कि नई रेल लाइन पर पूरी सतर्कता बरतें और अपने मवेशियों को रेलवे ट्रैक के आसपास खुले में न छोड़ें। नियमित ट्रेनों का संचालन शुरू होने के बाद ट्रैक पर आवागमन बढ़ेगा, इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।

