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हल्द्वानी के दो बड़े अस्पतालाें के स्वास्थ्य कर्मियों पर कोरोना वायरस का खतरा


नैनीताल : हल्द्वानी के दो बड़े अस्पताल के स्वास्थ्य कर्मियों पर कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण का खतरा मंडरा रहा है। दरअसर एम्‍स ऋषिकेश में एक महिला मरीज में कोरोना पाॅजिटिव पाया गया है। एम्‍स के न्‍यूरो वार्ड में भर्ती 56 वर्षीय महिला लालकुआं की निवासी बताई जा रही है। काेराना संक्रमित महिला को दो मार्च को ब्रेन अटैक हुआ था। जिसके बाद उसे बृजलाल हॉस्पिटल हल्द्वानी में भर्ती कराया गया। जहां से उसे विवेकानंद हॉस्पिटल हल्द्वानी रेफर कर दिया गया। वहां से श्री राम मूर्ति हॉस्पिटल बरेली रेफर किया गया। 22 अप्रैल को सुबह करीब तीन बजे एम्स ऋषिकेश लाया गया। इलाज की इस लंबी यात्रा के बाद पॉजीटिव आने से इन सभी अस्पतालों में हड़कंप मचा हुआ है। महिला के संपर्क में कौन-कौन स्टाफ व लोग आए हैं, उन्हें चिन्हित किया जा रहा है। संपर्क में आए स्वास्थ्य कर्मियों व लोगों को चिन्हित कर उनके स्वास्थ्य की जांच कराने के बाद उन्हें क्वारंटाइन किया जाएगा। बता दें कि दो दिन पहले ही एम्स के यूरोलॉजी विभाग के नर्सिंग आॅफीसर में कोरोना वायरस पाया गया है।

इस तरह है संक्रमित मिहला की मेडिकल जर्नी
एम्स के न्यूरो वार्ड में भर्ती जिस महिला की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है उसे दो मार्च को ब्रेन अटैक हुआ था। इस पर उसे बृजलाल हॉस्पिटल हल्द्वानी में भर्ती कराया गया। यहां से आठ मार्च को विवेकानंद हॉस्पिटल हल्द्वानी रेफर कर दिया गया। महिला 19 अप्रैल तक इस अस्‍पताल में भर्ती रही। जिसके बाद श्री राम मूर्ति हॉस्पिटल बरेली रेफर किया गया। बरेली में वह 19 से 21 अप्रैल तक भर्ती रही। 22 अप्रैल सुबह करीब तीन बजे महिला को एम्स ऋषिकेश लाया गया। यहां इमरजेंसी के रेड एरिया में सुबह 11 बजे तक वह भर्ती रही। बाद में वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया था। महिला के साथ उनके पुत्र और पुत्री आए हैं। दोनों एम्स की कैंटीन में ही खाना खाते हैं। एम्स प्रशासन के मुताबिक न्यूरो वार्ड ब्लॉक को भी सील किया जा रहा है। महिला के परिवार वाले जिन जिन लोगों के संपर्क में आए हैं, उनकी भी जानकारी जुटाई जा रही है।

पति, बेटी व दामाद को एचटीएच में होंगे आइसोलेट
ऋषिकेश एम्स में भर्ती लालकुआं की महिला के कोरोना पॉजिटिव (Coronavirus) आने के बाद जिले के स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा है। स्वास्थ्य विभाग की टीम महिला के घर से लेकर के संबंधित अस्पतालों में छानबीन करने में जुट गई है। तात्कालिक रूप से महिला के पति, बेटी व दामाद को डॉक्टर सुशीला तिवारी राजकीय चिकित्सालय के आइसोलेशन में भर्ती करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। वहीं शहर के जिस निजी अस्पताल में महिला भर्ती थी, वहां के डॉक्टर व स्टाफ के सैंपल लिए जाएंगे। सैंपल की रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ रश्मि पंत का कहना है कि एहतियात के तौर पर यह सब किया जा रहा है। महिला लंबे समय से बीमार है। वह 19 अप्रैल से जिले से बाहर है। इसलिए यहां पर संक्रमण की संभावना कम है, लेकिन एहतियात के तौर पर पूरी प्रक्रिया अपनाई जा रही है।

कुमाऊं में मिल चुके हैं 15 संक्रमित

कुमाऊं में अब तक कोरोना सक्रमण के कुल 15 के सामने आ चुके हैं। जिनमें 14 संक्रमितों को सुशीला तिवारी राजकीय चिकित्सालय हल्द्वानी में भर्ती कर इलाज किया और रानीखेत के संक्रमित को अल्मोड़ा के जिला अस्पताल में भर्ती कर इलाज किया गया। अल्मोड़ा में भर्ती एक और सुशीला तिवारी में भर्ती 11 मरीज स्वस्थ्य स्वस्थ हो चुके हैं और उन्हें डिस्चार्ज किया जा चुका है। एहतियात के तौर पर अन्य सभी को 14 दिनों के लिए क्वारंटाइन किया गया है। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. सीपी भैंसोड़ा ने बताया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के दिशा-निर्देश के अनुरूप संक्रमित मरीजों का इलाज किया है जा रहा है। यही कारण है कि मरीजों का स्वास्थ्य तेजी से रिकवर भी हो रहा है। बता दें कि उत्तराखंड में अब 52 संक्रमित मिल चुके हैं।
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