विनेगर को अल्कोहलिक लिक्विड का फर्मेंटेशन करके बनाया जाता है। कई फर्मेंटेड सामग्री जैसे- नारियल, चावल, खजूर, शहद आदि की सहायता से विनेगर को बनाया जाता है। स्वास्थ्य और खूबसूरती से लेकर वजन घटाने तक विनेगर के कई इस्तेमाल और बेशुमार फायदे हैं।
विभिन्न प्रकार के विनेगर -
एप्पल साइडर विनेगर -
भारत के साथ अमेरिका में भी एप्पल साइड विनेगर का प्रयोग ही सबसे ज्यादा किया जाता है। हल्के पीले रंग के इस विनेगर को सेब को दबाकर बनाया जाता है, जो इसे खास किस्म का फ्लेवर देता है। सलाद ड्रेसिंग, मैरिनेड आदि में एप्पल साइडर विनेगर का प्रयोग बखूबी किया जाता है।
व्हाइट विनेगर -
पकाने में सबसे ज्यादा व्हाइट विनेगर का ही प्रयोग किया जाता है। इसे व्हाइट वाइन से तैयार किया जाता है। इसका स्वाद तीखा होता है, जो चिकन या फिश डिशेज में खूब इस्तेमाल में लाया जाता है। खासतौर पर चाइनीज़ व्यंजनों में इस तरह के विनेगर का इस्तेमाल किया जाता है।
राइस विनेगर -
यह विनेगर के पुराने प्रकार में से एक है। इसे राइस वाइन को फर्मेंट करके बनाया जाता है। राइस विनेगर सफेद, लाल और काले रंग में मिलता है। व्हाइट राइस विनेगर का प्रयोग अचार बनाने में किया जाता है, जबकि रेड राइस विनेगर का प्रयोग सॉस और डिप्स को बनाने में किया जाता है।
बैलसेमिक विनेगर -
इसे डार्क ब्राउन कलर विनेगर के तौर पर जाना जाता है, जिसे बिना फिल्टर और बिना फर्मेंट किए अंगूर से बनाया जाता है। अन्य विनेगर की बजाय बैलसेमिक विनेगर को फर्मेंटेड अल्कोहल से नहीं बनाया जाता है और यही वजह है कि यह विनेगर इटली में काफी प्रसिद्ध है। इसे अंगूरों को दबाकर तैयार किया जाता है और वाइन की तरह लंबे समय तक छोड़ दिया जाता है।
माल्ट विनेगर -
लाइट गोल्डन रंग का यह विनेगर ऑस्ट्रिया, जर्मनी और नीदरलैण्ड में काफी पॉपुलर है। यह बीयर से बनता है और इसका स्वाद तीखा होता है। माल्ट विनेगर में एसिटिक एसिड होता है, जिसकी वजह से वजन प्रबंधन के लिए यह बेहतरीन है।
शुगरकेन विनेगर -
इसे केन विनेगर कहा जाता है, जो गन्ने से बनता है। इसका स्वास राइस विनेगर की तरह ही होता है। नाम के ठीक उलट, शुगरकेन विनेगर स्वाद में बिल्कुल मीठा नहीं होता है। इसका स्वाद अन्य विनेगर की तरह ही होता है।
खाने में विनेगर का प्रयोग
देश- विदेश के किचन में विनेगर का प्रयोग खूब किया जाता है। हमारे यहां तो इसका प्रयोग खान- पान में पहले कम किया जाता था लेकिन समय के साथ नए डिशेज और रेसिपी के चलन के साथ हमारे यहां भी विनेगर का प्रयोग अब काफी किया जाने लगा है।
अचार - Pickle-सलाद - Salad
अपने भारतीय घरों में खाना अचार के बिना अधूरा है। दाल - चावल खाना हो या पूरी, अचार के साथ जायका बढ़ जाता है। हमारे यहां के अचार में खास तरह के मसालों का प्रयोग किया जाता है। लेकिन इन दिनों अचार में विनेगर का प्रयोग खूब किया जा रहा है। विनेगर को अचार में मिलाने से अचार का स्वाद भी बढ़ जाता है और यह लंबे समय तक टिक भी जाता है।

